August 31, 2025 |

NEWS FLASH

Latest News
मुख्यमंत्री साय ने नगर पालिका जशपुर को दिया बड़ा विकास उपहारबीजापुर बाढ़ में बही लड़कियों की लाश मिली, झाड़ियों से बरामदग्रामीण महिलाओं को सशक्त बनाने शुरू होगा ‘दीदी के गोठ’ रेडियो कार्यक्रमकोरबा में 52 हाथियों का झुंड खेतों में घुसा,50 किसानों की फसल को नुकसानकोरबा डायल-112 चालकों की मांग, नियमित वेतन और सुविधाएंमुख्यमंत्री साय का स्वागत करने जवाहर नगर मंडल के पदाधिकारी बस से रवानाबस्तर में भारी भूस्खलन: सरगीगुड़ा पहाड़ समतल; जनहानि नहींमुख्यमंत्री विष्णुदेव साय अपना विदेश दौरा ख़त्म कर स्वदेश लौट आये..नारायणपुर में नक्सलियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई: सुरक्षा बलों ने बरामद किए 300 से अधिक हथियार और विस्फोटक सामग्रीलोक सेवा आयोग ने मूल्यांकन प्रक्रिया पर उठाए गए सवालों को किया खारिज
छत्तीसगढ़

खैरागढ़ उपचुनाव : राजपरिवार में विवाद, देवव्रत सिंह की दूसरी पत्नी ने लगाए गंभीर आरोप

Gram Yatra Chhattisgarh
Listen to this article

रायपुर। छत्तीसगढ़ के खैरागढ़ राजपरिवार में विवाद थमने के बजाय गहराता ही जा रहा है। राजा देवव्रत सिंह के निधन के बाद दोनों रानियों में तलवारें खिंच गई हैं। स्व. देवव्रत सिंह की पत्नी विभा सिंह ने आज राजधानी रायपुर में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस ली। प्रेस कॉन्फ्रेंस में रानी विभा सिंह ने देवव्रत सिंह की पहली पत्नी पर एक-एक कर कई गंभीर आरोप लगाए। विभा सिंह ने कहा है कि स्व. देवव्रत सिंह की पूर्व पत्नी ‘पद्मा सिंह अब वास्तव में पदमा सिंह नहीं बल्कि पदमा पंत हैं। क्योंकि स्व. देवव्रत सिंह से तलाक लेने के बाद पद्मा सिंह ने हिमाचल निवासी नितिन पंत से शादी कर ली है। विभा सिंह ने आगे कहा कि पदमा सिंह की इन्ही हरकतों के कारण स्व. देवव्रत सिंह ने उन्हें तलाक दिया था। तलाक में पद्मा सिंह को 11 करोड़ रुपयों की भारी-भरकम रकम स्व. देवव्रत सिंह ने दी थी। तलाक के समय यह रकम स्व. देवव्रत सिंह ने अपनी पुश्तैनी जमीन-जायदाद बेचकर दी थी। जिससे वे बड़े ही आहत थे। विभा सिंह ने कहा कि राजनीतिक स्वार्थवश पद्मा को बच्चों की याद आ रही है। जबकि जब तलाक हुआ उस समय बच्चों की उम्र बहुत कम थी, उन्हें मां की जरूरत थी। तब पद्मा ने बच्चों को छोड़कर नितिन पंत से शादी कर ली थी। विभा यहीं नहीं रुकीं, उन्होंने ये भी कहा कि जब नितिन पंत के साथ पद्मा ने शादी कर ली तो फिर अब किस हैसियत से वह खैरागढ़ में आकर रह रही हैं। यह केवल और केवल राजनीतिक स्वार्थ के अलावा और कुछ नहीं है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Check Also
Close