August 31, 2025 |

NEWS FLASH

Latest News
कोरबा के 8 स्काउट्स, गाइड्स, रेंजर्स को मिला राष्ट्रपति पुरस्कारसांसद बृजमोहन के प्रयासों से हथबंद स्टेशन पर छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस का ठहराव बहालफर्जी मेडिकल सर्टिफिकेट से नौकरी करने वाला नेत्र सहायक बर्खास्तपरिजनों से संपर्क में है बदमाश तोमर बंधु, कॉल ट्रेस से भी नहीं आ रहे पकड़ मेंकरंट लगने से लाइनमैन की मौत बिजली लाइन ठीक करते समय हादसामंदिर के पुजारी की खून से लथपथ मिली लाश, पुलिस को रंजिश का शकनक्सलियों के खुफिया डंप से बरामद हुई भारी मात्रा में सामग्री,हत्या के अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग, पीड़ित परिवार ने लगाई गुहारमहानदी जल विवाद सुलझाने को छत्तीसगढ़ और ओडिशा ने शुरू की पहलएग्रीस्टेक पोर्टल में 1 लाख 17 हजार 512 किसानों ने कराया कृषक पंजीयन
छत्तीसगढ़

मुख्यमंत्री ने मध्यमवर्गीय परिवारों को दी बड़ी राहत कॉलोनी और टाउनशिप के विकास के लिए

Gram Yatra Chhattisgarh
Listen to this article

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने मध्यमवर्गीय परिवारों के मकान का सपना साकार हो सके इसके लिए काॅलोनी और टाउनशिप के विकास हेतु अब सभी प्रकार की अनुमतियां और अनापत्ति प्रमाण पत्र एकल विन्डों सिस्टम से देने के निर्देश दिए है। कलेक्टर कार्यालय में सिंगल विन्डो सिस्टम से राजस्व, नगरीय प्रशासन और टाउन प्लानिंग आदि अन्य सभी विभागों से संबंधित सभी प्रकार की अनुमतियां और अनापत्ति प्रमाण पत्र दिए जाएंगे। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने इसके लिए आवास एवं पर्यावरण विभाग को एक माह के भीतर विस्तृत आदेश जारी करने को कहा है।
ज्ञातव्य है कि बिल्डर्स एसोसिएशन ‘‘क्रेडाई‘‘ के सदस्यों द्वारा मुख्यमंत्री से भेंट कर यह जानकारी दी गयी कि वर्तमान में किसी भी कालोनी और टाउनशिप के विकास के लिए राजस्व, नगरीय प्रशासन, टाउन प्लानिंग आदि विभिन्न विभागों से अलग-अलग अनापत्तियां और अनुमतियां प्राप्त करने में 2 से 3 साल का समय लग जाता है। जिसका सीधा भार मध्यमवर्गीय परिवारों पर पड़ता है।
मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने इस समस्या के निराकरण के लिए आवास एवं पर्यावरण विभाग को नोडल विभाग घोषित करने के साथ ही सभी आवश्यक स्वीकृतियां प्रदान करने के लिए जिला कलेक्टरों को अधिकृत करने को कहा है। इसके लिए प्रत्येक कलेक्टर कार्यालय में अपर कलेक्टर को नोडल अधिकारी बनाया जाएगा। जहां बिल्डर सभी विभागों से संबंधित आवेदन एकल विन्डों में प्रस्तुत करेंगे। यहां आवेदनों को पंजी में दर्ज कर संबंधित विभागों को प्रेषित किया जाएगा। कलेक्टर प्रति सप्ताह समय-सीमा की बैठक में इसके लंबित प्रकरणों की समीक्षा करेंगे और अधिकतम तीन माह के भीतर सभी प्रकार की अनुमतियां एकल विन्डों सिस्टम से अपर कलेक्टर के माध्यम से संबंधित को प्रदान की जाएंगी।

Related Articles

Check Also
Close