राज्य एव शहर

महतारी वंदन योजना: कोरबा में 2 लाख 91 हजार 760 माताओं को मिल रही आर्थिक सहायता

कोरबा(ग्रामयात्रा छत्तीसगढ़ )। छत्तीसगढ़ शासन की महत्वाकांक्षी योजना महतारी वंदन ने न केवल प्रदेश की विवाहित, विधवा, तलाकशुदा और परित्यक्त महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण का माध्यम बना है, बल्कि उनके जीवन में भी व्यापक बदलाव लाया है।

आकांक्षी जिला कोरबा में इस महती योजना से 2 लाख 91 हजार 760 माताएं लाभान्वित हो रही हैं। इन माताओं के बैंक खातों में प्रतिमाह प्रति हितग्राही 1,000 रुपये की दर से कुल 29 करोड़ 17 लाख 60 हजार की आर्थिक सहायता राशि डाली जा रही है।

योजना का उद्देश्य छत्तीसगढ़ की विवाहित महिलाओं को आर्थिक सहायता देकर उन्हें सशक्त बनाना है, जिससे उनके स्वास्थ्य और पोषण स्तर में सुधार हो और परिवार में उनका स्थान मजबूत हो।

वित्तीय वर्ष 2024-25 की स्थिति में जिले में योजना के अंतर्गत 2 लाख 95 हजार 706 आवेदन पंजीकृत हुए थे, जिसमें से 2 लाख 91 हजार 760 हितग्राहियों के बैंक खाते में हर महीने 1,000 रुपये की आर्थिक सहायता डीबीटी के माध्यम से सीधे उनके बैंक खाते में दी जा रही है। प्रतिमाह 29 करोड़ 17 लाख 60 हजार की राशि जारी की जा रही है, जबकि सालाना 350 करोड़ 11 लाख 20 हजार की राशि जारी की जा रही है।

आज तक कुल 18 किश्तों में इन पात्र हितग्राहियों के बैंक खातों में कुल 525 करोड़ 16 लाख 80 हजार की राशि अंतरित की जा चुकी है। महतारी वंदन योजना के अंतर्गत 329 पात्र हितग्राहियों के बैंक खाते में राशि नहीं जा रही है, क्योंकि उनके डीबीटी इनएक्टिव होने, आधार अपडेट/वेरिफाई में सीडिंग नहीं होने की वजह से इन हितग्राहियों के खाते में डीबीटी के माध्यम से अंतरित नहीं हो पा रही है।

 

इसके अलावा, 2185 हितग्राही मृत हो चुके हैं, जिनके बैंक खातों में योजना के अंतर्गत दी जा रही आर्थिक सहायता राशि बंद कर दी गई है। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि हितग्राहियों को स्वयं पहल करनी होगी और अपने बैंक खातों को आधार से लिंक करना होगा, डीबीटी सक्रिय करना होगा और अन्य बैंकिंग फॉर्मेलिटी पूरी करनी होगी। विभागीय अमले के जरिए उन्हें उचित मार्गदर्शन दिया जा रहा है, ताकि उन्हें योजना का लाभ मिल सके।

 
HOTEL STAYORRA नीचे वीडियो देखें
Gram Yatra News Video

Live Cricket Info

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button